हल्दी व्यापारियों का उन्मुखीकरण कार्यक्रम, लेड-क्रोमेट मिलावट के खिलाफ ली शपथ

समस्तीपुर। हल्दी में हानिकारक मिलावट और उससे जुड़े स्वास्थ्य जोखिमों को लेकर समस्तीपुर के गोला रोड बाजार में हल्दी एवं मसाला व्यापारियों के लिए विशेष उन्मुखीकरण एवं जागरूकता कार्यक्रम आयोजित किया गया। कार्यक्रम में गोला रोड बाजार के 32 हल्दी एवं मसाला व्यापारियों ने भाग लिया।
कार्यक्रम का उद्देश्य व्यापारियों को हल्दी में लेड क्रोमेट जैसी हानिकारक मिलावट, इसके संभावित स्वास्थ्य प्रभावों तथा सुरक्षित एवं गुणवत्तापूर्ण हल्दी के व्यापार के प्रति जागरूक करना था। कार्यक्रम में समस्तीपुर के खाद्य संरक्षा पदाधिकारी रामा स्वामी वेंकट रमण शर्मा, प्रखंड उद्यान पदाधिकारी विकास कुमार यादव, प्योर अर्थ इंडिया के प्रोग्राम मैनेजर पोंशियन केरकेट्टा, उद्यम मंत्र भारत लिमिटेड के निदेशक सौरभ समदर्शी सहित टीम के अन्य सदस्यों ने व्यापारियों से संवाद किया। इस दौरान गोला रोड व्यापारी एसोसिएशन के अध्यक्ष ओम प्रकाश गुप्ता भी मौजूद रहे।
एक्सआरएफ मशीन से हल्दी की जांच का प्रदर्शन
कार्यक्रम में एक्सआरएफ मशीन के माध्यम से हल्दी के नमूनों की मौके पर प्रारंभिक स्क्रीनिंग का जीवंत प्रदर्शन किया गया। व्यापारियों को बताया गया कि आधुनिक तकनीक की मदद से खाद्य पदार्थों में लेड की मौजूदगी की प्रारंभिक पहचान कैसे की जा सकती है।
अधिकारियों और विशेषज्ञों ने बताया कि लेड क्रोमेट जैसी हानिकारक मिलावट स्वास्थ्य के लिए गंभीर जोखिम पैदा कर सकती है। विशेष रूप से बच्चों और गर्भवती महिलाओं में लेड के संपर्क को लेकर विशेष सावधानी बरतने की आवश्यकता बताई गई।
कार्यक्रम में व्यापारियों को एफएसएसआई (FSSAI) के निर्धारित मानकों की जानकारी देते हुए बताया गया कि हल्दी में लेड की अधिकतम सीमा 10 पीपीएम (PPM) निर्धारित है तथा हल्दी में लेड क्रोमेट (Lead Chromate) जैसे अतिरिक्त रंग पदार्थ का प्रयोग स्वीकार्य नहीं है। कार्यक्रम के अंत में व्यापारियों ने “शुद्ध एवं सुरक्षित हल्दी” के व्यापार को बढ़ावा देने तथा लेड-क्रोमेट युक्त उत्पादों की बिक्री नहीं करने की शपथ ली।


